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बालों के गिरने का कारण

बाल झडने पर एक या एकाधिक प्रमुख कारक हो सकता है, जो निचे संक्षिप्त दिया है:

Ganjapan ki Vajah

1. अनुवांशिक प्रवृत्ती
2. प्रोषणिक आभाव (लोहा, प्रोटीन, जस्ता)
3. स्थानीय कारक (चमडी की बीमारियाँ जैसे सोरियासिस, लाइकेन प्लेनस )
4. होरमोनिकल कारक (हाइपर या हायपोथाइरोडिस्म, मेनोपोज़ )
5. दैहिक कारक (लिवर डिज़ीज या गुर्दे की बिमारी)
6. तीव्र बीमारियों के बाद (वायरल इनफेक्शन, टोयफोइड)
7. स्ट्रेस कारक (डत्कण्टा, डिप्रेशन )
8. औषाियाँ (बीटाक्लोकर्स रक्तचाप के लिए, कीमोथेरपी, कोलेस्टेरोल के लिए दवाई)
9.अज्ञात कारक

मेल पेटर्न गंजापन अनुवांशिक प्रवृत्ति का होता है और उसमें टेस्टोस्टेरोन हारमोन अत्याािक मात्रा में खून में घूमता है जो डी हाइड्रोस्टेस्टोसेसेन में बदलकर बालों की जड़ों से जुडकर, बालों को गिराता है।

1. स्थानीय कारक:

कुछ स्थानीय कारक इस प्रकार हैं।:

(अ) स्थानीय चमडों के रोग:
कुछ स्थानीय चमड़ों के रोग बालों के गिरने का कारण बनते हैं। स्थानिय चमड़ी के रोग जैसे फगंल इन्फेक्शन, पायोडरमा, सिफिलिस की दूसरी श्रेणी इत्यादी। स्पर्श असंचारी बीमारीयाँ जैसे कि डँडरफ, सोरिएसिस, लाइकेन प्लेनस, एकज़ीमा इत्यादी

(ब)स्थानीय विषैले तत्वों से मेल:
केमीकल शैम्पू, साबून, लोशन का अत्याािक इस्तेमाल से बाल गिरते हैं।.

(क)खोपडी की असावाानियाँ:
खोपडी का गंदा रहना जैसे कि बाल कम ाोना, सूर्य की किरणों से प्रभावित होना, औद्योगिक रसायनों से प्रभावित होना इत्यादी।

2. सार्वत्रिक कारण:

(अ)पोषणिक आभाव:
पोषणिक आभाव से बालों की बढ़ाव और गुणवत्ता पें असर करता हैं। विटामिन बी ग्रुप, विटामिन ए की कमी से बाल गिर सकते हैं। प्रोटोन, लोहा, कुछ जीवतत्वों की कमी से बाल गिरते हैं। लोहे की कमी अत्याािक खून की कमी होने से या पोषम में कमी होने से स्त्रियों में पाया जाता है। लोहे के समीकरण और समीक्षण के कारण भी हो सकता है। लंबी बीमारी के बाद जैसे कि इरिटेबेल बॉवेल सिन्द्गोम के बाद।

(ब)होर्मोनल कारण:
कुछ होर्मोन जैसे कि ऍण्ड्रोगेन, इस्ट्रोगेन और प्रोजेस्टरोन में फेर बदल बालों को ज्यादा गिरा सकता है। थाइरोइद होरमोन की बीमारियों के कारण भी बालों का गिरना बढ़ सकता है। रजोनिवृत्ति की उमर में बाल गिरना बढ़ सकता है। गर्भावस्था और प्रसुति के बाद भी बाल गिरना बढ़ सकता है।

(क)तीव्र बीमारी के बाद:
निमोनिया, वायरल इन्फेक्शन, टाइफोइड जैसी बिमारीयों के बाद बाल गिर सकते हैं।

(ख)दवाओं के कारण:
कुछ दवाईयाँ बालों पे नाकारात्मक असर करती हैं। जैसे कि कीमोथेरपी, केन्सर मेडिकेशन, स्टेरोइड्‌स, ऍन्टिबायोटिक्स, अँन्टीएविलेप्टिक्स, अँन्टीहाइपरटेसिवस्‌। गर्भ निराोक गोलियाँ भी बाल गिरना बढ़ाते हैं।

3) मनोवैज्ञानिक कारण:

मन क बहुत भारी प्रभाव बालों पें पड़ता है। कुछ मनोभाव जो स्ट्रेस को जनम देते हैं, वे इस प्रकार हैं।

अतिमात्रा में उत्कष्ठा, चिंता, फिक्र, दुःख जो पारिवारिक या काम के कारण हो सकता है। परिवार में किी की मौत, आर्थिक नुकसान, कोई भय बालों का गिरना बढ़ाते हैं। कुछ गलत रवैये भी बालों का गिरना बढ़ाते हैं, जैसे कि अत्याािक गुस्सा आना, औरों को मारना, पीटना, जल्दबाजी, इत्यादी।

4. अन्य:

कुछ कम पाऐ गऐं कारण है। औद्योगिक प्रदूषण, प्रदूषित पानी, स्थानीय चमड़ी के रोग, स्थानीय एलर्जी, इत्यादी.

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